कोड़ा शाह बाबा की मजार पर अकीदतमंदों ने चढ़ाईं चादरें


– रात में सजी कव्वाली की महफिल

फतेहपुर। सोमवार को कोड़ा शाह बाबा की दरगाह पर परंपरागत मेले और धार्मिक कार्यक्रमों का आयोजन श्रद्धा व उल्लास के साथ किया गया। दिन में बड़ी संख्या में दुकानदारों ने मेले में दुकानें सजाईं, जहां महिलाओं ने घरेलू उपयोग की वस्तुओं की खरीदारी की, जबकि बच्चों ने खिलौने खरीदे। मेले में चाऊमीन, मोमोज, जलेबी, गुझिया, खस्ता, चाट, समोसे, पकोड़े और चाय का लोगों ने भरपूर आनंद लिया।
बस स्टैंड चौराहे के पास स्थित मस्जिद परिसर में हर वर्ष की तरह इस वर्ष भी कोड़ा शाह बाबा की मजार पर गगर और चादर चढ़ाई गई। सुबह से देर रात तक पुरुषों व महिलाओं ने मजार पर हाजिरी लगाकर दुआएं मांगीं और मन्नतें मांगीं। देर रात करीब 11 बजे सुप्रसिद्ध कलाकारों द्वारा कव्वाली का भव्य आयोजन शुरू हुआ। कव्वाली कमेटी के पदाधिकारियों असलम राइन, वसीम राइन, रसीद राइन, नईम राइन, राजू राइन एवं ग्राम प्रधान राशिद राइन ने बदायूं जनपद से आए रेडियो व टीवी सिंगर सूफी कव्वाल आसिफ सुल्तानी तथा मुंबई की जागेश्वरी रेडियो सिंगर रोशन आरा का फूल-मालाओं से स्वागत किया।
कव्वाल आसिफ सुल्तानी ने “या मेरे मौला, या मेरे अल्लाह” सहित कई सूफियाना कलाम पेश कर माहौल को रूहानी बना दिया। वहीं मुंबई से आईं रोशन आरा ने “परदेसी का प्यार एक झोंका है” और “जिंदा रहने के लिए तेरी कसम, एक मुलाकात जरूरी है सनम” जैसे कलाम पेश कर श्रोताओं को झूमने पर मजबूर कर दिया। उन्होंने हर वर्ष बाबा की मजार पर हाजिरी लगाने की बात भी कही।
इस अवसर पर ग्राम प्रधान राशिद राइन, रसीद राइन, असलम राइन, वसीम राइन, नईम राइन, नफीस राइन, बब्लू शाह सहित सैकड़ों अकीदतमंद मौजूद रहे।