– 1500 से अधिक विद्यार्थियों ने किया सामूहिक ध्यान
फतेहपुर। नगर स्थित महर्षि विद्या मन्दिर में विश्व शान्ति आन्दोलन के तत्वाधान में अंतरराष्ट्रीय ध्यान दिवस का आयोजन वैदिक गुरु परंपरा पूजन के साथ सम्पन्न हुआ। कार्यक्रम के दौरान भावातीत ध्यान के महत्व पर प्रकाश डाला गया और विद्यालय परिसर में शान्ति व सकारात्मक ऊर्जा का वातावरण बना रहा।
इस अवसर पर विद्यालय के प्रधानाचार्य प्रमोद कुमार त्रिपाठी ने कहा कि यह हर्ष और गर्व का विषय है कि पूज्य महर्षि महेश योगी जी द्वारा लगभग 70 वर्ष पूर्व प्रारम्भ किए गए भावातीत ध्यान के प्रभाव को वैश्विक स्तर पर मान्यता मिली है। उन्होंने बताया कि संयुक्त राष्ट्र महासभा ने 6 दिसम्बर 2024 को सर्वसम्मति से प्रस्ताव पारित कर प्रत्येक वर्ष 21 दिसम्बर को विश्व ध्यान दिवस मनाने की घोषणा की है, जिसका उद्देश्य वैश्विक शान्ति और सद्भाव को बढ़ावा देना है। प्रधानाचार्य ने कहा कि ध्यान भारत की प्राचीन परंपरा और सांस्कृतिक धरोहर का अभिन्न हिस्सा है, जो व्यक्ति के शरीर, मन और आत्मा में संतुलन स्थापित कर सामाजिक एवं राष्ट्रीय जीवन में भी सकारात्मक परिवर्तन लाता है। उन्होंने भावातीत ध्यान को सहज, सरल, स्वाभाविक और प्रयासहीन पद्धति बताते हुए इसके नियमित अभ्यास पर बल दिया। कार्यक्रम के अंत में विद्यालय में सामूहिक भावातीत ध्यान का अभ्यास कराया गया, जिसमें 1500 से अधिक विद्यार्थियों ने सहभागिता की और ध्यान के अनुभव को आत्मसात किया। आयोजन को लेकर विद्यालय परिवार एवं विद्यार्थियों में उत्साह देखा गया।
