फतेहपुर। चाय दुकानदार से मारपीट के मामले ने अब राजनीतिक रंग ले लिया है। सपा प्रमुख अखिलेश यादव के बयान के बाद पूर्व मंत्री रणवेन्द्र प्रताप सिंह उर्फ धुन्नी सिंह ने तीखा पलटवार किया है।
धुन्नी सिंह ने कहा कि अखिलेश यादव बिना प्रमाण के उनकी छवि खराब करने का प्रयास कर रहे हैं, जो एक बड़े नेता को शोभा नहीं देता। उन्होंने चुनौती देते हुए कहा कि यदि उनके खिलाफ किसी भी अवैध कारोबार का एक भी सबूत सामने आ जाए तो वे राजनीति छोड़ देंगे।
पूर्व मंत्री ने आरोप लगाया कि मारपीट करने वालों के नाम जानबूझकर उजागर नहीं किए जा रहे हैं, क्योंकि वे पीडीए (पिछड़ा, दलित, अल्पसंख्यक) से जुड़े बताए जा रहे हैं। उन्होंने स्पष्ट किया कि चाय दुकानदार के साथ विवाद पैसे के लेन-देन को लेकर हुआ था और पीड़ित ने कहीं भी उनका नाम नहीं लिया है।
खाद्य विभाग की सैंपलिंग को लेकर उन्होंने कहा कि आईजीआरएस में मिली शिकायत के आधार पर टीम जांच के लिए पहुंची थी, लेकिन इस पूरे मामले को बेवजह राजनीतिक रंग दिया जा रहा है।
धुन्नी सिंह ने चेतावनी देते हुए कहा कि उनकी छवि धूमिल करने की कोशिशों के खिलाफ वे सपा प्रमुख को मानहानि का नोटिस भेजेंगे।
