– कटे नाम को पुनः जुड़वाने में जुटे रामतीर्थ परमहंस
फतेहपुर। स्पेशल इंटेंसिव रिवीजन (एसआईआर) प्रक्रिया के दौरान मतदाता सूची में सामने आई गंभीर गड़बड़ियों को लेकर समाजवादी पार्टी के वरिष्ठ नेता, सजग प्रहरी, पूर्व डीआईजी एवं खागा विधानसभा के पूर्व प्रत्याशी रामतीर्थ परमहंस लगातार सक्रिय हैं। उन्होंने मतदाता सूची से हजारों पात्र मतदाताओं के नाम कटने को प्रशासनिक लापरवाही बताते हुए इसे लोकतंत्र के लिए गंभीर खतरा करार दिया है।
रामतीर्थ परमहंस ने बताया कि मैपिंग में हुई त्रुटियों के कारण बड़ी संख्या में मतदाताओं के नाम सूची से बाहर हो गए हैं। आंकड़ों के अनुसार ऐरायां ब्लॉक में 6370, विजयीपुर ब्लॉक में 5469 तथा धाता ब्लॉक में 3642 मतदाताओं के नाम मैपिंग न होने के चलते मतदाता सूची में शामिल नहीं हो सके। उन्होंने कहा कि कई क्षेत्रों से शिकायतें मिल रही हैं कि मतदाताओं ने समय से अपने फॉर्म भरकर संबंधित बीएलओ को जमा किए थे, इसके बावजूद उनके नाम काट दिए गए। स्थिति की गंभीरता का अंदाजा इसी बात से लगाया जा सकता है कि जब मतदाता नाम कटने का कारण पूछ रहे हैं, तो कई स्थानों पर बीएलओ भी स्पष्ट जवाब नहीं दे पा रहे हैं। रामतीर्थ परमहंस ने इसे बेहद चिंताजनक बताते हुए कहा कि अभी हालात पूरी तरह सुरक्षित नहीं हैं और आम नागरिकों को सतर्क रहने की आवश्यकता है।
उन्होंने कहा कि पात्र मतदाताओं के नाम पुनः जुड़वाने के लिए जागरूकता अभियान लगातार चलाया जा रहा है, ताकि कोई भी नागरिक अपने संवैधानिक मतदान अधिकार से वंचित न रह जाए। साथ ही उन्होंने मतदाताओं से अपील की कि वे अपने नाम दोबारा दर्ज कराने के लिए फॉर्म संख्या-6 पर विशेष ध्यान दें और निर्धारित समय के भीतर प्रक्रिया पूरी करें।
