एडीएम की अध्यक्षता में खाद्य सुरक्षा सलाहकार समिति की बैठक सम्पन्न



– फास्ट फूड ठेलों के लिए बनेगा आदर्श स्ट्रीट फूड हब

– सभी दुकानों को खाद्य लाइसेंस/पंजीकरण के दायरे में लाने के निर्देश

फतेहपुर। कलेक्ट्रेट स्थित गांधी सभागार में गुरुवार को अपर जिलाधिकारी (वि./रा.) डॉ. अविनाश त्रिपाठी की अध्यक्षता में जनपद स्तरीय खाद्य सुरक्षा सलाहकार समिति की बैठक आयोजित की गई। बैठक में जनपद में खाद्य सुरक्षा से जुड़े विभिन्न बिंदुओं पर चर्चा करते हुए संबंधित अधिकारियों को आवश्यक दिशा-निर्देश दिए गए।
बैठक के दौरान सहायक आयुक्त (खाद्य) राजेश कुमार दीक्षित ने चालू वित्तीय वर्ष में विभाग द्वारा की गई कार्यवाही की जानकारी दी। उन्होंने बताया कि जनपद में संचालित आबकारी विभाग की सभी दुकानों तथा खाद्य एवं रसद विभाग की उचित दर की दुकानों को खाद्य लाइसेंस/पंजीकरण के दायरे में लाया जाना है। जिन प्रतिष्ठानों के लाइसेंस पूर्व में जारी हो चुके हैं, उनका नवीनीकरण कराया जाना आवश्यक है। इस पर अपर जिलाधिकारी ने संबंधित विभागीय अधिकारियों को आवश्यक कार्रवाई सुनिश्चित करने के निर्देश दिए। बैठक में नगर क्षेत्र में संचालित चाट, पिज्जा, बर्गर व अन्य फास्ट फूड के ठेलों को व्यवस्थित करने के लिए आदर्श स्ट्रीट फूड हब स्थापित करने की योजना पर भी चर्चा हुई। इस संबंध में नगर पालिका परिषद फतेहपुर द्वारा स्थान का चयन किया जा चुका है तथा शासन से बजट प्राप्ति हेतु प्रस्ताव भेजा गया है। वहीं अपर जिलाधिकारी ने सार्वजनिक वितरण प्रणाली के तहत वितरित किए जाने वाले खाद्यान्न जैसे चावल, गेहूं, ज्वार व बाजरा के नमूनों की नियमित जांच कराने के निर्देश दिए। साथ ही आंगनबाड़ी केंद्रों पर बच्चों को दी जाने वाली खाद्य सामग्री की गुणवत्ता की जांच के लिए भी नमूने एकत्रित करने को कहा। इसके अलावा, जनपद के विभिन्न स्थानों पर फास्ट फूड स्टॉल पर बिकने वाले खाद्य पदार्थों की गुणवत्ता की जांच करने के निर्देश भी दिए गए, ताकि लोगों को सुरक्षित एवं शुद्ध खाद्य सामग्री उपलब्ध हो सके। बैठक में उपस्थित व्यापार मंडल एवं एनजीओ के पदाधिकारियों ने खाद्य सुरक्षा को लेकर जागरूकता अभियान चलाने की आवश्यकता पर बल दिया और विभाग को सहयोग का आश्वासन दिया।
इस अवसर पर मुख्य चिकित्सा अधिकारी, सीओ सिटी, जिला आबकारी अधिकारी, जिला उद्यान अधिकारी, दुग्ध निरीक्षक, मंडी सचिव, कृषि विपणन निरीक्षक सहित विभिन्न विभागों के अधिकारी एवं व्यापार मंडल के पदाधिकारी मौजूद रहे।